बजट 2026: आम जनता को क्या राहत मिली और क्या हुआ महंगा?
केंद्र सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 का बजट पेश कर दिया है। इस बार बजट में मैन्युफैक्चरिंग, ग्रीन एनर्जी और स्वास्थ्य सेक्टर को राहत दी गई है, जबकि शेयर बाजार से जुड़े कुछ लेन-देन पहले से महंगे हो गए हैं।
इलाज से जुड़ी राहत
सरकार ने कैंसर के इलाज में इस्तेमाल होने वाली 17 आवश्यक दवाओं पर बेसिक कस्टम ड्यूटी पूरी तरह समाप्त कर दी है। इससे इन दवाओं की कीमतों में कमी आने की संभावना है।
इसके अलावा, 7 दुर्लभ बीमारियों के इलाज में काम आने वाली आयातित दवाओं और स्पेशल फूड को भी टैक्स से मुक्त कर दिया गया है।
⚡ इलेक्ट्रिक वाहन और ग्रीन एनर्जी
ईवी, सोलर पैनल और ग्रीन एनर्जी से जुड़े कई उपकरणों पर कस्टम ड्यूटी घटाई गई है।
- लिथियम-आयन बैटरी इनपुट्स पर टैक्स में छूट
- सोलर पैनल के लिए सोलर ग्लास कच्चे माल पर ड्यूटी खत्म
इससे उत्पादन लागत कम हो सकती है, हालांकि अंतिम कीमतों पर असर कंपनियों की नीति पर निर्भर करेगा।
✈️ विदेश यात्रा और पढ़ाई
निजी उपयोग के लिए विदेश से मंगाए जाने वाले सामान पर कस्टम ड्यूटी 20% से घटाकर 10% कर दी गई है।
- विदेशी टूर पैकेज पर TCS अब केवल 2%
- विदेश में पढ़ाई और इलाज के लिए भेजे गए पैसों पर TCS में कटौती
📉 शेयर बाजार में क्या बदला?
फ्यूचर्स और ऑप्शंस ट्रेडिंग पर प्रतिभूति लेनदेन कर (STT) बढ़ा दिया गया है, जिससे ट्रेडिंग महंगी होगी।
- फ्यूचर्स ट्रेडिंग पर STT बढ़ा
- ऑप्शन प्रीमियम और एक्सरसाइज पर टैक्स ज्यादा
❌ कौन-सी चीजें महंगी होंगी?
- शराब और स्क्रैप
- खनिज और तेंदूपत्ता
- कुछ केमिकल और उपभोक्ता उत्पाद
✅ क्या सस्ता होने की उम्मीद?
- कैंसर और शुगर की दवाएं
- इलेक्ट्रिक वाहन और बैटरियां
- सोलर और ग्रीन एनर्जी उत्पाद
- विदेश यात्रा और शिक्षा




